मुकेश अम्बानी की टेलिकॉम कंपनी रिलायंस जियो के फ्री वॉइस कॉल और डेटा सर्विस की वजह से सरकार को 685 करोड़ रुपये का नुकसान हो चुका है। इकनॉमिक टाइम्स की खबर के मुताबिक, इस मामले को लेकर टेलिकॉम कमीशन, ट्राई की खिंचाई कर सकता है।

गौरतलब है कि मुकेश अम्बानी को मोदी सरकार का करीबी माना जाता है। इतना बड़ा नुकसान होने के बावजूद सरकार इसपर कुछ नहीं कह रही है।

टेलिकॉम क्षेत्र के नियम के मुताबिक, कोई भी टेलिकॉम कंपनी 90 दिनों से ज़्यादा समय तक प्रमोशनल ऑफर ग्राहकों को मुहैया नहीं करा सकती। क्योंकि इससे अन्य कंपनियों की कमाई पर प्रभाव पड़ता है और सरकार की कमाई भी प्रभावित होती है।

जिओ को ट्राई द्वारा छूट देने की शिकायत अन्य कई कम्पनियाँ भी कर चुकी हैं। लेकिन सरकार इसको गलत बता रही है। मुकेश अम्बानी की नई कंपनी को बाज़ार में आते ही इतनी छूट देने पर अन्य कंपनियों ने नाराज़गी भी ज़ाहिर की है।

बुधवार को टेलिकॉम कमीशन ने जिओ के प्रमोशनल ऑफर्स का संज्ञान लिया है। जिओ ने 90 दिनों से ज्यादा तक अपना प्रमोशनल ऑफर जारी रखा। इस कारण सरकार को करोड़ो का घाटा हुआ है।

दरअसल, सरकार मोबाइल ऑफरेटरों से स्पैक्ट्रम यूसेज चार्ज और लाइसेंस फी वसूलती है। ये चार्ज कंपनी के रिवेन्यू यानि कमाई के आधार पर लिया जाता है। जिओ के ऑफर की वजह से टेलिकॉम इंडस्ट्री में अन्य कंपनियों के रिवेन्यू में गिरावट देखने को मिल रही है। इस वजह से सरकार को 685 करोड़ रुपये का घाटा हुआ है।

इस मामले को लेकर ‘आप’ नेता और राज्यसभा सदस्य संजय सिंह ने भी ट्वीट किया। संजय सिंह ने मोदी सरकार पर मुकेश अम्बानी को फायदा पहुँचाने का आरोप लगाते हुए कहा कि जियो का फ्री प्लान दे गया सरकार को बड़ा घाटा, लगी 685 करोड़ की चपत, क्या अम्बानी के हाथों देश गिरवी हो जायेगा,एक परिवार पूरे देश को चूना लगा रहा है और मोदी जी उसके साथ फ़ोटो शूट कर रहे हैं, TV पर ये ख़बर दिखाई तो नौकरी गई।

Loading...
loading...